Home›समाचार›एक-दूसरे से जुड़े रहना ही डायस्पोरा की ताकत है: लता रजनीकांत
एक-दूसरे से जुड़े रहना ही डायस्पोरा की ताकत है: लता रजनीकांत
इंडियास्पोरा फोरम के दौरान न्यू इंडिया अबॉर्ड से बातचीत में उन्होंने कहा कि सिर्फ फोरम में मिलना ही काफी नहीं है बल्कि बातचीत को आगे भी जारी रखना जरूरी है।
शिंजिनी घोष ने हाल ही में जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में डिग्री हासिल की है। इससे पहले वे भारत में छह वर्षों तक रिपोर्टर रहीं और उच्च शिक्षा, पर्यावरण मुकदमों और शहरी ढांचे जैसे विषयों को कवर करती थीं।उन्होंने सामाजिक और जेंडर मुद्दों पर कई फीचर स्टोरीज़ भी लिखी हैं। शिंजिनी इससे पहले नई दिल्ली में द हिंदू और टाइम्स ऑफ़ इंडिया के साथ काम कर चुकी हैं।