Home›समाचार›'कैलोरी गिनना छोड़िए!' भारतीय मूल की न्यूट्रिशन एक्सपर्ट ने प्रवासियों को क्यों दी पारंपरिक खानपान अपनाने की सलाह?
'कैलोरी गिनना छोड़िए!' भारतीय मूल की न्यूट्रिशन एक्सपर्ट ने प्रवासियों को क्यों दी पारंपरिक खानपान अपनाने की सलाह?
नेहा शाह ने कहा कि भारतीय भोजन को केवल कैलोरी या मैक्रोन्यूट्रिएंट्स के आधार पर समझना सही नहीं है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि दाल में प्रोटीन भी होता है और कार्बोहाइड्रेट भी।
अंकिता बैद्य यूरोप में रहने वाली पत्रकार हैं और वर्तमान में इरास्मस मुंडस मास्टर्स इन जर्नलिज्म की पढ़ाई कर रही हैं। उनकी रिपोर्टिंग और लेखन समाज, राजनीति, शिक्षा और संस्कृति के अंतर्संबंधों का अन्वेषण करते हैं, और पहचान, युवा और वैश्विक मामलों में उनकी विशेष रुचि है।